जैसा सोचेगे वैसा बनेंगे

अधिकांश लोग पूर्णतः अपने व्यवहार मे उलझन शामिल कर लेते है इसका मूलतः कारण क्या है मेरी नजर मे इसका मूलतः कारण है सोच, कभी -कभी हम किसी की बात बड़े ध्यान से सुनते है तो कभी -कभी किसी की बात को हम नजर अंदाज कर देते हैं इंसान के जीवन मे सोच के कारण फर्क पड़ता है जो जिस मनुष्य को ये लगता है की वो किसी काबिल नहीं है तो जीवन भर वह खुद को ऐसा ही समझेगा चाहे वो कोई भी कार्य कर रहा हो वह खुद को किसी काबिल का नहीं समझकर ही कार्य करेगा और जाहिर सी बात है उसे परिणाम भी उसे प्रकार का मिलेगा

क्योंकि उसकी ये भावना उसके भीतर ज्यादा दिनों तक नहीं रहेगी और कभी न कभी खुलकर बाहर आएगी और आस -पास के लोगों के ये आभास हो जाएगा की यह मनुष्य वाकई मे किसी काबिल नहीं है

इसके ठीक विपरीत परिस्तिथियां ऐसी भी बनती है की जिस व्यक्ति को लगता है वह कोई भी काम कर सकता है तो वह वाकई मे ही कुछ भी कर सकने मे सक्षम होता है इसलिए अगर आप को वाकई मे काबिल बनाना है तो आप के मन मे ये विश्वास होना चाहिए की आप काबिल है और आप कभी भी कही पर भी अपनी काबिलियत साबित कर सकने मे सक्षम है जब ये भावना आपको पूरी तरह से प्रभावित करेगी तो आप के आस-पास के लोग भी आप से पूरी तरह प्रभावित हो जाएंगे

आपकी कैसी सोच है वही ये निर्धारित कर देती है की आप की कार्य करने की क्षमता कैसी होगी अगर आपको जीवन में लोगों से सम्मान पाना है तो आपको ये खुद ही अपने बारे मे तय करना होगा की आप ने वाकई ऐसा कुछ कभी किया है या ऐसा कभी कुछ बोला है जिससे आपको सम्मान मिल सकें ऐसा तभी संभव होगा जब हम खुद का आत्म सम्मान करें हमारे जीवन के हर एक पहलू मे आत्म सम्मान का महत्व साफ दिखाई दे जाता है

इसलिए हमे इस पर गौर करने की आवश्यकता है की हम खुद का सम्मान कैसे करें इस के लिए हमे साफ -सुथरा दिखना पड़ेगा साफ कपड़े आप के आत्मविश्वास को बढ़ाने मे सहायक होते है सही कपड़ों का चयन करें जब आप साफ सुथरे रहते है तो मन मे विचार भी काफी स्वच्छ रूप से आते है

अगर आपको ये लगता है की आप महत्वपूर्ण दिख रहे है आपका व्यक्तिव आकर्षक हैं तो आप में एक अलग ही तरफ का विश्वास आएगा जो आपकी सोच में प्रदर्शित होगी यह एक तरह का मनोविज्ञान है आप बाहर से कैसे दिखते है इसका सीधा असर आपकी मानसिकता पर देखा जा सकता है इससे बाहरी व्यक्ति आपके बारे मे अनुमान लगाने की कोशिश करता है आप का पहनावा अक्सर लोगों को ये अनुमान लगाने की लगभग इजाजत दे देता है की आपका व्यवहार कैसा होगा

इसी के आधार पर वो आपकी छवि अपने मन मे सदा के लिए बना लेते है यह सच है मनुष्य का एक बाहरी वातावरण है जो लोगों को अपने बारे मे संदेश देता रहता है जब हम अच्छे कपड़े पहने मंहगे कार मे किसी को जाते हुए देखते है तो हम बस ये देखकर अनुमान लगा बैठते है यह सफल व्यक्ति हैं और वही हम एक आदमी को जिसके कपड़े फटे है पैरो मे चप्पल नहीं है तो हम ये अनुमान लगाते है की ये व्यक्ति अभावग्रस्त है

जीवन में महत्वपूर्ण बहुत अधिक संख्या नहीं होती महत्वपूर्ण होती है एक ही संख्या मगर स्थायी और सदा रहने वाली यही हमारा व्यवहार होना चाहिए आप खुद के बारे जो सोचेगें वैसा ही महसूस करेगे

अगर आप खुद को ताकतवर समझते है तो धीरे -धीरे आप खुद को ताकतवर महसूस करने लगेगे और यही यदि आप खुद को डरपोक समझते है तो आप वाकई मे डरपोक बन जाएंगे इंसान की सोच ही उसके विकास और प्रगति को निर्धारित करती है आप जिस तरह कपड़े से खुद के व्यक्तित्व से प्रभावित होते है ठीक उसी प्रकार किसी कार्य के प्रति आपका कैसा सोच है यह उस कार्य की सफलता और असफलता को निर्धारित करेगी

क्योंकि अगर आप अपने काम को जितना सम्मान देगे आप उस कार्य को उतने ही बेहतर तरीके से करने मे सक्षम होते है क्योंकि आप के कपड़े पहनने का तरीका आप के कार्य करने का तरीका औरो के बीच मे आपकी खास पहचान बनाता है क्योंकि आपके इसी व्यवहार से आपकी सफलता और असफलता दोनों ही निर्धारित होती है

क्योंकि अगर आप को ये लगता है जो कार्य आप कर रहे हैं वो महत्वपूर्ण नहीं है तो आप उस कार्य का सम्मान नही करेगें और आपके असफल होने की संभावना बढ़ जाएगी अगर साधारण शब्दों मे कहे तो आप जैसे सोचते है आप बिलकुल सौ प्रतिशत वही व्यक्तिव के स्वामी है कोई भी व्यक्ति जीवन भर एक ही जगह पर क्यो बना रह जाता है कभी उससे आगे निकलने की कोशिश क्यो नही करता क्योंकि उसकी सोच ने उसे सीमित बना दिया और उसने खुद को सीमित भी कर लिया जीवन में अगर आप से किसी काम को कहने के लिए कहा जाए और आप को ये लगे तो साधारण कार्य है और आप इसे करने के इच्छुक नहीं है फिर भी जब आप वो काम करते है तो आप उस साधारण कार्य को भी नहीं कर पाते है आप असफल हो जाते है क्योंकि आप ने उस कार्य को साधारण समझने की गलती कर बैठते हैं यही अगर इस साधारण कार्य में भी आप ने उत्साह दिखाते होता तो परिणाम उत्साह जनक होते यकिनन हर कोई इसे देखकर इस साधारण कार्य को करने के लिए उत्साहित होगा,हमेशा से अपने काम के बारे मे सकारात्मक रूख होना चाहिए ताकि लोग आपके इस शैली को अपनाऐं

हमेशा कुछ ऐसा करना चाहिए जिससे आपके सामने वाला कुछ सीख सकें अगर आपको कही पहुंचना है तो सदैव आप ये सोचे की आप वहाँ पहुँच गए है जिससे आपको वहाँ पहुंचने आसानी होगी क्योंकि जब तक हम अनुभव नही करेगे हम सफलता के करीब पहुंच गया है तो फिर पहुंचने मे आसानी होगी अगर आप को लगता है आप डरे हुए हैं आप अपनी बात दूसरो के सामने नहीं कह पाऐगे आप कुछ गलती कर देगे तो ऐसे मे आप जीवन मे कही भी किसी भी जगह पर यहाँ तक अपने घर मे भी सम्मान प्राप्त नहीं कर पाएगें हर रोज अच्छा सोचने से एक दिन हम वाकई मे अच्छे बन जाते हैं आप हर कार्य के बारे मे चाहे कार्य कितना छोटा ही क्यों ना हो उसके बारे मे बड़ा सोचे और ये सोचे आप मे कार्य करने की अच्छी योग्यता है और उस कार्य को करे और एक दिन वही कार्य देखते -देखते बहुत बड़ा बन जाएगा जीवन मे केवल अच्छा सोचे हमेशा अच्छी बात करे उन खुशियों के बारे मे सोचे जो वाकई मे आपके लिए जरूरी है और एक दिन आप को वो खुशियाँ मिल ही जाएगी अपनी सोच बदले जीवन का अंदाज बदल जाएगा

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